आप्रवासियों से स्टार्टअप्स (नयी कंपनीयां) कों मिलने वाला लाभ

विकसित होने के लिये तथा प्रतिस्पर्धात्मक रहने के लिए, जर्मन स्टार्टअप को विदेशों में अच्छी तरह प्रशिक्षित आईटी(IT) विशेषज्ञों की आवश्यकता होती है। अधिकारी तंत्र बाधाओं के कारण, हर तीसरे स्टार्टअप में विदेशी लोगों की नियुक्त करने में कठिनाई होती है।

Read this article in: Deutsch, English, Español, Português, Русский, العربية, हिन्दी

Estimated reading time:2minutes

जर्मनी संस्थापकों और कर्मचारियों के लिए एक आकर्षक स्थान है। इस बीच स्टार्टअप्स जर्मन अर्थव्यवस्था में नौकरियों के लिए एक महत्वपूर्ण इंजन बन गए हैं। जर्मन स्टार्टअप मॉनिटर (DSM (जर्मन में)) के अनुसार, सहभागी स्टार्टअप कुल मिलाकर १९,९१३ लोगों को रोजगार दे रहे हैं। औसतन, लगभग १३ कर्मचारी प्रति स्टार्टअप।

जर्मन स्टार्टअप पारिस्थितिकी तंत्र को विकसीत होने के लिए और अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा  में बने रहने के लिए अच्छी तरह से प्रशिक्षित आईटी(IT) विशेषज्ञों की आवश्यकता होती है। तीन में से दो स्टार्टअप्स (६३.९%) इस बयान से सहमत हैं कि जर्मन स्टार्टअप लैंडस्केप को आप्रवासियों से लाभ होता है। कुल मिलाकर , सभी स्टार्टअप कर्मचारियों में से २८.६% कर्मचारियों के पास जर्मन नागरिकता नहीं है, बर्लिन में यह संख्या ४७.७% है।

रोजगार के साथ चुनौतियां 

स्टार्टअप लगातार नए नौकरियों के अवसर उत्पन्न कर रहे हैं और महत्वपूर्ण नियुक्तीयों की योजनाए बना रहे है। हालांकि, हर तीसरे स्टार्टअप को अधिकारी तंत्र बाधाओं के साथ समस्याएं होती हैं जब वे विदेशी लोगों को रोजगार देना चाहते हैं।

जब संस्थापक विदेशों से किसी को नियुक्त करते हैं, तो ५८.४% मामलों में वे प्रारंभिक चरणों में प्रशासनिक बाधाओं का सामना करते हैं (जैसे वीजा प्राप्त करना)। आधे से ज्यादा संस्थापकों ने लोगों को रोजगार के बाद प्रशासनिक बाधाओं (४८.४%) के साथ-साथ भाषा अवरोधों (४८.२%) को चुनौतीपूर्ण कार्य के रूप में बताया।

१८.८% संस्थापकों के लिए अंतर्राष्ट्रीय डिग्री के बीच तुलनात्मकता की कमी एक समस्या है, १५.७% संस्थापक सांस्कृतिक मतभेदों को एक समस्या मानते हैं। १३.६% संस्थापकों का कहना है कि विदेशी कर्मचारियों के लिए उनका स्थान आकर्षक नहीं है, और केवल १०.८% संस्थापक संकेत देते है कि, अन्य संस्कृति स्वीकारने का अभाव अंतर्राष्ट्रीय कर्मचारियों की नियुक्तीयों में समस्याओं की वजह बनती है।

“... एक स्वीकारयोग्य संस्कृति जो व्यवसायीकों को अपने नए जीवन की शुरूआत करने में प्रोत्साहीत करती है,और एक मांग उन्मुख आप्रवासन कानून जर्मनी के लिए आवश्यक है। विशेष रूप से ब्रेक्सिट और संरक्षणवाद के समय, हमें दुनिया भर से प्रतिभासंपन्न लोगों का स्वागत करने की आवश्यकता है!”, ऐसा स्टार्टअप असोसीएशन के अध्यक्ष फ्लोरियान न्योल बताते हैं।

#alugha

#doitmultilingual 

#DeutscherStartupMonitor 

CodeNameViewsPercentage
engEnglish48559.36%
deuDeutsch14417.63%
porPortuguês749.06%
araالعربية374.53%
hinहिन्दी354.28%
rusРусский283.43%
spaEspañol141.71%
Total817100%

More articles by this producer

This website uses cookies to ensure you get the best experience on our website. Learn more in our privacy policy.